मेरी बेवफा वाइफ की गैंगबेंग चुदाई - Free Sex Kahani
- Manoj - Sneha
- Feb 10
- 12 min read
हाय फ्रेंड्स मेरा नाम मनोज हैं। मेरी उम्र 29 साल हैं मैं सामान्य कद काठी का हूं। मैं नौकरी करता हूं। ये मेरी रियल स्टोरी हैं।
मेरी वाइफ का नाम स्नेहा हैं। उसकी उम्र 28 साल हैं। उसका फिगर 42C-32-38 हैं। उसकी हाइट 5.2 फीट हैं। वो बहुत सुंदर और सेक्सी हैं। हमारी शादी को 2 साल हो चुके हैं।
जब मेरी सगाई हुई तभी मुझे पता चल गया था कि स्नेहा बहुत चुदासी और चालू माल हैं। उसका फिगर और व्यवहार देखकर ही मैं समझ गया कि ये खिलाड़ी हैं।
इसलिए मैंने भी आयुर्वेदिक नुस्खे लेना शुरू कर दिया सगाई के बाद 1 साल बाद हमारी शादी हुई तब तक मैं रोज दवाएं लेता था इससे मेरा लन्ड भी 7 इंच लंबा व 4 इंच गोलाई का हो गया।
सगाई के बाद मैं हर महीने स्नेहा से मिलता था और उसे गिफ्ट देता, उसके साथ कहीं बाहर घूमने जाता। दो तीन बार उसके एग्जाम का सेंटर बाहर आया तब मैं उसके साथ गया पर मैंने उसके साथ सेक्स नहीं किया।
शादी के बाद जब हमारी सुहागरात थी उस दिन मैंने स्नेहा को सोने का महंगा गिफ्ट मुंह दिखाई में दिया। उस रात मैंने स्नेहा के साथ तीन बार चुदाई की। स्नेहा की चुत में मेरा लंड बहुत आसानी से चला गया।
मैं आश्चर्यचकित था। स्नेहा जानबूझकर दर्द होने का नाटक कर रही थी। जबकि उसकी चुत खुली हुई थी। मेरा लंड आसानी से अंदर बाहर हो रहा था। उस रात के बाद मैं स्नेहा पर नजर रखने लगा। मैंने उसके व्हाट्सएप को मेरे फोन में कापी कर लिया था। उसके इंस्टाग्राम अकाउंट के पासवर्ड भी मैंने पता किए।
मुझे पता चला स्नेहा शादी के बाद भी दो तीन लड़कों से बात करती थी। मेरे पास आने के बाद वो दिन में दूसरे लड़कों से बातें करती थी। पर मैं स्नेहा से बहुत प्यार करता था वो भी मुझे बहुत प्यार करती थी। वो मेरा बहुत ध्यान रखती थी।
फिर मेरा ट्रांसफर उदयपुर में हो गया। मैं और स्नेहा उदयपुर आ गए। उदयपुर में हमने एक घर किराए पर लिया। वो सिटी से बाहर की तरफ अच्छी पोश कालोनी में था। मैंने जो मकान लिया उसमें तीन कमरे थे। बड़ा मकान था। आसपास बहुत हरियाली थी। आसपास पार्क भी थे। मैं और स्नेहा रोज सुबह घूमने जाते थें।
स्नेहा मेरे साथ बहुत टाइट योगा पेंट और टी-शर्ट पहनकर चलती इसलिए लोग उसे घूर घूरकर देखते थे। मैं स्नेहा से कहता भी था कि डार्लिंग आपको लोग बहुत घूरते हैं तो वो कहती कोई बात नहीं लोगों की आदत होती है।
कभी कभी मैं स्नेहा को कहता कि मुझे दूसरी लड़कियां भी बहुत सेक्सी लगती हैं तो वो कहती लगती है तो ठीक हैं आगे मत सोचना वरना अच्छा नहीं होगा। फिर हम सेक्स करते हुए पोर्न भी देखने लगे थे। रोज अलग अलग प्रकार का पोर्न देखते थे। पोर्न देखते हुए मैं स्नेहा को कहता कि क्या आपने कभी दूसरे से ट्राय किया हैं। वो बोलती नहीं।
फिर कुछ टाइम बाद उसने बोल दिया कि मैंने आपके अलावा 3-4 लोगों के साथ किया हैं। लेकिन अब सिर्फ आपके साथ करती हूं। आप बुरा मान जाएंगे इसलिए मैं डरते हुए आपको नहीं बता पाई। फिर उसने सब बता दिया।
मैंने स्नेहा को विश्वास में लेकर कहा कि बेबी आपने मेरे से पहले कितनों के साथ किया है इससे मुझे कोई आब्जेक्शन नहीं है। वो आपकी पहले की लाइफ थी। आपकी शादी 25 साल की उम्र में हुई तब कोई कैसे बिना सेक्स रह सकता हैं।
स्नेहा ने मेरे से पूछा तो मैंने भी बताया कि मैंने भी 2-3 लड़कियों के साथ चुदाई की हैं। वो बोली सबसे सुंदर कोन थी। मैंने कहा आप ही हो। वो बोली बटरींग मत करो सच कहो। मैं बोला आप ही सबसे सेक्सी हो।
फिर मैंने कहा कि सबसे हैंडसम आजतक कौन था तो स्नेहा बोली कालेज का एक लड़का अब उसकी भी शादी हो गई हैं। फिर कुछ दिनों बाद हम एक शादी में इंदौर गए उस समय दिसंबर का महीना था। वहां मेरी कालेज फ्रेंड भी आई थी वो स्लिम और सेक्सी थी।
वो मेरी अच्छी फ्रेंड रह चुकी थी इसलिए मैं और वो लड़की स्वाति आपस में अच्छे से बात कर रहे थे। स्नेहा हमें नोटिस कर रही थी। वो अपने रिश्तेदारों के साथ बातें करते हुए हमें भी नोटिस कर रही थी।
मैं स्नेहा को दिखाते हुए ही स्वाति के साथ टहलते हुए छत पर चला गया वहां हम दोनों अकेले ही बातें कर रहें थे। मैं ध्यान रख रहा था।
कुछ देर बाद स्नेहा भी हमारे पीछे ऊपर आ गई वो अंधेरे में खड़े रहकर हमें देख रही थी। मैं और स्वाति पास खड़े बाते कर रहे थे फिर हम दोनों नीचे आ गए। स्नेहा ने मुझे फोन किया कि मनोज मुझे नींद आ रही हैं। आप कहां हो मैंने कहा मैं यहीं हूं। वो बोली आप कमरे में आओ। मैंने कहा ठीक हैं।
हमारा कमरा तीसरी मंजिल पर था। हमारे पास वाले कमरों में भी स्नेहा की फ्रेंड्स व बहने अपने पतियों के साथ रुकी हुई थी। मैं कमरे में गया तो स्नेहा फोन चला रही थी। वो कुछ देर कुछ नहीं बोली। मैंने कहा कि क्या हुआ तो बोली आप स्वाति के साथ इतना क्यों चिपक रहे हों मेरी फ्रेंड्स ने मुझे जब बोला तो मैं जवाब नहीं दे पाई।
मैंने कहा डार्लिंग मैं बस नार्मल बातें कर रहा था। वो बोली लोगों की नजर में एक लड़का लड़की की बात में नार्मल कुछ नहीं होता। आप उसे लेकर ऊपर छत पर अंधेरे में क्यों गए थें। मुझे बहुत बुरा लगा। मेरी बहनें और फ्रेंड्स मुझे छेड़ते हुए कहती रही कि स्नेहा आज तो तेरा पति एक स्लिम लड़की के साथ करके रहेगा। आज रात तेरा नंबर नहीं लगेगा।
मैंने कहा डार्लिंग मेरा ऐसा कोई इरादा नहीं था। स्नेहा बहुत नाराज़ हो गई थी वो बोली अगर आपको वो ज्यादा अच्छी लगी तो मैं आज रात कहीं और सो जाती हूं आप स्वाति को यहां बुला लो।
मैं बोला स्नेहा कैसी बातें कर रहीं हों। ऐसा कुछ भी नहीं हैं जैसा तुम सोच रही हों। वो बोली अगर मन में है तो शर्माना मत मैं आपको नहीं रोकूंगी। आप कहो तो मैं खुद स्वाति को फोन कर देती हूं। उसने मेरा फोन हाथ में लिया तो मैंने उसके हाथ से फोन लिया और बोला स्नेहा प्लीज ऐसा मत बोलों।
फिर मैंने स्नेहा को हाथ पकड़कर बैठ पर बैठा दिया तो वो बेड से नीचे बैठ गई और बोली आपको दूसरी लड़की के साथ मैं नहीं देख सकती हूं। मेरे से सहन नहीं होता हैं।
मैंने स्नेहा से वापस बोला कि मैं ऐसा नहीं सोचता डार्लिंग। फिर स्नेहा उठकर मेरे गले से लग गई और मुझे किस करने लगी। मैं भी उसे किस करने लगी। फिर उसने वेटर को फोन करके दो ग्लास गर्म दुध मंगवाया और मुझे उसने सेक्स पावर की टेबलेट खिला दी।
मैंने कहा आज टेबलेट क्यों तो बोली कि मेरी इच्छा है। सेक्स टेबलेट लेने के बाद मैंने दुध पी लिया। टेबलेट का असर होने लगा। स्नेहा ने अपनी साड़ी उतार कर मेरे सामने ब्रा पेंटी में खड़ी थी। फिर वो बाथरूम में गई और गर्म पानी से नहाकर आई।
मुझे भी नहाने का कहा मैं भी नहाकर बाहर आ गया। स्नेहा ब्रा पेंटी में तैयार होकर खड़ी थी। मैं भी टावल में था। सर्दी का मौसम था पर कमरे में हीटर चल रहा था इसलिए कमरा गर्म था। स्नेहा मेरे पास आई। रात के 11.30 बजे थे।
स्वाति का फोन आया मैंने फोन उठाया एकाध मिनट कर के कार्यक्रम की बात की होंगी तभी स्नेहा आई और मेरे हाथ से फोन लिया और टेबल पर रख दिया। फोन चालु था। स्नेहा मुझे जोर जोर से किस करने लगी। किस की आवाज स्वाति भी सुन रही थी।
स्नेहा ने मुझे नीचे रखा और खुद मेरे ऊपर आ गई थी। मैं भी उसे किस करने लगा। हम दोनों बेकाबू हो गए थे। हम दोनों एक दूसरे को किस कर रहे थे। तभी मैं उठा और मैंने स्नेहा के ब्रा और पेंटी उतार दी। खुद भी टावल उतार कर नंगा हो गया।
मैंने स्नेहा को बैंड पर सुला दिया और उसकी चुस्त चाटने लगा। मैं मेरी जीभ अंदर तक डालकर उसकी चुस्त चाट रहा था। वह मस्त होकर मजे ले रही थी। फिर उसने एल ई डी पर म्यूजिक चला दिया ताकि हमारी आवाज बाहर नहीं जाए।
स्नेहा- कुत्ते की तरह मेरी चुस्त चाट मनोज। आज तुम मेरा कुत्ता है। चाट मेरी चुस्त भड़वे।
मैं- क्या हो गया है तुझे आज।
स्नेहा - साले भड़वे दूसरी की चुत मारना चाहता हैं कुत्ते। आज मेरी चुत शांत कर।
फिर स्नेहा आहहहहहह ओओओओओ उफफफफफफ की आवाजें करने लगी। फिर मैंने मेरा लंड स्नेहा के मुंह में अपना लंड डाल दिया वो मेरा लन्ड चूसने लगी। बार मैंने स्नेहा की गर्म चुत में मेरा लंड डाल दिया। मैं मिशनरी पोजीशन में स्नेहा की चुदाई कर रहा था।
स्नेहा- आहहहहहहह ऊऊऊऊऊऊऊऊछ ईईईईईईईईई आहह की आवाजें कर रही थी। मैं 3-4 मिनट तक लगातार मिशनरी पोजीशन मैं करता रहा बार मेरा स्पर्म मैंने स्नेहा की चुत में गिरा दिया। मेरे स्पर्म के गर्म पिचकारी से स्नेहा को बहुत मजा आया।
उसके बाद भी मेरा लन्ड बहुत टाइट था और झटके मार रहा था। सेक्स टेबलेट का असर था। स्नेहा मेरा लन्ड मुंह में लेकर चूस रही थी।
मैंने स्नेहा को डांगी स्टाइल में किया और चोदने लगा। मैं अब उसकी चुत में तेज तेज करने लगा। मैं उसकी चुदाई करते हुए उसकी बड़ी बड़ी गांड पर थप्पड़ों की बारीश भी कर रहा था। मेरे थप्पड़ से स्नेहा को दर्द हो रहा था उसकी गांड लाल हो गई थी।
स्नेहा- दर्द हो रहा हैं मनोज धीरे मारो
मैं- सारी कुतिया मुझे सहन नहीं कर सकती और कहती हैं दूसरी लड़की से बात मत कर। रंडी साली।
स्नेहा- डार्लिंग दर्द हो रहा हैं।
मैं- उसकी कमर पकड़ कर तेज झटके उसकी चूत में मार रहा था और उसकी गांड पर थप्पड़ भी लगा देता था। मैं उसके बड़े बड़े बूब्स भी मसल रहा था। मुझे बहुत ज्यादा उत्तेजना और मजा आ रहा था। मैं बहुत तेज झटके लगाने लगा।
अब स्नेहा को दर्द हो रहा था। वो बोली डार्लिंग आप मेरी चुत मारो धक्के नहीं। मुझे उस इस स्टाइल में चोदते हुए 15 मिनट हो गए थे। कमरे में थप थप थप थप की आवाजें गूंज रही थी। फिर मैं बेड पर लेट गया स्नेहा मेरे ऊपर आ गई वो वूमन आन टोप पोजीशन में चुदवाने लगी।
मैं उसके बड़े बड़े बूब्स मसल रहा था। वो सटासट लंड अपनी चूत में ले रही थी। फिर मेरा स्पर्म निकलने वाला था तो मैंने स्नेहा को बेड पर लिटा दिया और उसके मुंह में मेरा लंड डालकर आगे पीछे करने लगा मेरे स्पर्म से उसका मुंह भर गया। वो मेरा स्पर्म पी गई।
फिर वो बाथरूम में चली गई और मैं बेड पर रजाई ओढ़कर नंगा ही सो गया। कुछ देर तक हम रोमांस करते हुए बातें करते रहें फिर हम 69 की पोजीशन में एक दूसरे के लंड चूत चाटने लगे थोड़ी देर बाद मैंने स्नेहा को टेबल पर बैठा दिया और खड़े खड़े आगे से उसकी चूत मारने लगा।
स्नेहा के बूब्स मेरे से टकरा रहे थे मुझे मजा आ रहा था। मैं तेज तेज करने लगा। स्नेहा टांगें फैलाकर चूत मरवा रही थी। थोड़ी देर बाद स्नेहा को घोड़ी बनाया और चोदने लगा। अब मैं तेज स्पीड से स्नेहा को चोद रहा था। स्नेहा को बहुत ज्यादा मजा आ रहा था।
स्नेहा- आहहहहहहहहह ओओओओओओओ उउउउफफफफ चोदो मेरे राजा आज आपकी रंडी स्नेहा की चूत का भोसड़ा बना दो डार्लिंग बहुत मजा आ रहा है।
मैं- जरुर बेबी आज आपकी चूत का भोसड़ा बनाकर रहूंगा। फिर मैं तेज स्पीड से चोदने लगा। स्नेहा- आहहहहहहहहह आहहहहहह ईईईईईईईईईईई उउउउउफफफफफ की आवाजें निकाल रही थी। मैं तेज तेज स्पीड में चोदने का मजा ले रहा था। फिर मैंने स्नेहा की चूत में स्पर्म गिरा दिया।
फिर हम दोनों ने थोड़ी देर एक दूसरे को किस किया और नंगे ही सो गए। सुबह हम 7 बजे उठे नाश्ते के समय स्नेहा की फ्रेंड्स ने कहा कि रात में आपको इतना क्या मजा आ रहा था। आपकी आवाज बाहर तक आ रही थी।
स्वाति भी बोली कि स्नेहा इतनी सेक्सी है क्या मैउबोला क्यों तो वो बोली कि तुम फोन पर बात कर रहे थे और वो किस कर रही थी। मैं बोला वो बहुत सेक्सी हैं।
उसके बाद दो-तीन दिन तक शादी का फंक्शन अटेंड करने के बाद हम लोग वापस घर आ गए। स्नेहा अभी दूसरे लड़कों से बातें करती थी।
एक दिन स्नेहा के फोन में एक अनजान नंबर से व्हाट्सएप का मैसेज आया स्नेहा उससे बात कर रही थी। स्नेहा न्यू नंबर ओके नाम से सेव किया।
वो आपस में बहुत पर्सनल बातें भी करने लगे थे। एक दिन उसने अपना फोटो व्हाट्सएप पर भेजो मैंने देखा तो हैरान रह गया। वह 55 साल से ज्यादा उम्र का था। मैंने उसे शादी में देखा था।
उसने स्नेह के बैंक अकाउंट में पैसे ट्रांसफर किया और उसका स्क्रीनशॉट स्नेह के व्हाट्सएप पर भेजो और स्नेहा को बोला की रानी आज दिन में किसी होटल में आ जाना।
मुझे कुछ अजीब लगा तो मैं उसी समय स्नेहा को फोन करके बोला कि स्नेहा में अभी घर आ रहा हूं मुझे कुछ काम है।
फिर उनकी प्लानिंग कैंसिल हो गई उसे दिन रात में मैं स्नेहा को कहा कि स्नेहा कल मुझे अपने अधिकारियों के साथ कहीं बाहर जाना है और मैं रात को देर से आऊंगा।
स्नेहा यह सुनकर बहुत खुश हो गई। फिर मैं अपने स्टडी रूम में चला गया। स्नेहा नाम उसे आदमी को व्हाट्सएप पर मैसेज किया कि कल मेरे हस्बैंड बाहर जा रहे हैं तो कल हम आराम से मिल सकते हैं।
अगले दिन मैं मेरे प्लान के हिसाब से तैयार था मैंने सुबह जल्दी उठकर तैयारी की स्नेहा बोली की मॉर्निंग वॉक पर चलोगे क्या तुम्हें बोला कि नहीं मैं नहीं चल पाऊंगा। फिर स्नेहा अकेले ही मॉर्निंग वॉक पर चली गई। हमारे बेडरूम के पास में ही एक स्टोर रूम है और बेडरूम और स्टोर रूम के बीच में एक रोशनदान है जिसमें जाली लगी हुई है हमारा स्टोर रूम ज्यादातर बंद ही रहता है।
मैं स्टोर रूम के अंदर गया और उसमें से बेडरूम के अंदर झांकने के लिए जगह बनाई। हमारे स्टोर रूम का दरवाजा घर के पीछे की तरफ खुलता है जहां कोई जाता नहीं है ज्यादातर पुराना सामान वगैरा वहां पड़ा है और दो-तीन महीने में कभी सफाई करनी होती है तब हम लोग वहां जाते हैं।
आसपास पौधे भी बहुत सारे लगा रखे हैं तो थोड़ा घना पेड़ पौधों का एरिया होने से स्नेहा वहां जाती ही नहीं है। मैंने स्टोर रूम का लॉक बंद किया और चाबी अपने पास रख ली। फिर मैं घर से निकल गया।
मैं अपने घर से कुछ दूर आगे जाकर किसी रेस्टोरेंट में बैठ गया और मैं मेरे ऑफिस में ईमेल कर दिया कि आज मुझे कुछ काम है तुम्हें बाहर जा रहा हूं इसलिए ऑफिस नहीं आ पाऊंगा।
फिर मैं वापस दूसरे रास्ते से मेरे घर की तरफ गया। हमारे घर के पिच काफी सारे प्लाट खाली पड़े हैं तो मैं एक प्लॉट में से पीछे की दीवार जो 8 फीट ऊंचाई की है के ऊपर से हमारे घर के अंदर गया। मैंने धीरे-धीरे स्टोर रूम का लॉक खोला और स्टोर रूम के अंदर जाकर दरवाजा स्टोर रूम के अंदर से बंद कर लिया।
मैं अब रोशनदान के पास में खड़ा हो गया और रोशनदान की जाल में जो बड़ा सा छेद था उसको और बड़ा कर लिया। तब 10 बज रहे थे। मैंने देखा कि स्नेहा व्हाट्सएप पर उसे आदमी से बात कर रही थी। उसने उसको बोला कि अब घर आ जाओ। आधे घंटे बाद एक कर हमारे घर के अंदर आई से स्नेहा ने बाहर वाला दरवाजा बंद कर लिया।
में हैरान था कि दो लोग कर में बैठकर आए थे। वह लोग स्नेहा के साथ-साथ सीधे ही हमारे बेडरूम में आ गए। स्नेहा उनके लिए जूस बनाकर लाइए फिर उन तीनों ने मिलकर जूस पिया। एक का नाम जयंत था और दूसरे का नाम संजय था दोनों की उम्र 55 साल से ज्यादा थी।
कुछ देर बाद जयंत ने स्नेहा को कहा कि किसका इंतज़ार कर रही हो। स्नेहा बोली किसी का नहीं तो वह बोला कि फिर जल्दी करो हमें आगे और काम भी जाना है। फिर संजय और जयंत दोनों एक साथ खड़े हुए और स्नेहा के पास आ गए संजय ने स्नेहा के होठों पर किस किया और जयंत पीछे खड़ा खड़ा स्नेहा की गांड दबाने लगा।
फिर उन दोनों ने मिलकर स्नेहा की साड़ी, ब्लाउज , पेटीकोट उतार दिया स्नेहा सिर्फ ब्रा पैंटी में खड़ी थी। फिर वह लोग भी बिना देर किए पूरी तरह नंगे हो गए। उन्होंने स्नेहा को भी नंगा कर दिया। जयंत का लंड 6 इंच और संजय का लंड 6.5 इंच लंबा था।
वह दोनों एक साथ मिलकर स्नेहा को किस करते रहे। फिर स्नेहा बेड पर सो गई संजय आया और उसने स्नेहा के मुंह में अपना लन्ड डाल दिया। जयंत स्नेहा की चूत चाट रहा था। फिर जयंत ने संध्या की चूत में लंड डालकर चोदने लगा।
वो बोला तेरी चूत बहुत फैली हुई है अब तक कितने लोगों से चुदवाया है रंडी तो स्नेहा बोली बहुत से चुदवा चुकी हूं। जयंत स्नेहा को चोद रहा था। कुछ देर बाद संजय स्नेहा को चोदने लगा। थोड़ी देर बाद संजय बैंड पर लेट गया और स्नेहा उसके लन्ड पर बैठकर चुदवाने लगी।
फिर जयंत स्नेहा की गांड में क्रीम लगाकर अपना लंड डालने लगा। अब स्नेहा एक साथ दो लंड से चुदाई करवा रही थी। वो 6-7 मिनट लगातार चोदते रहे फिर उन्होंने बारी बारी से अपना स्पर्म स्नेहा के मुंह और उसके बड़े बड़े बूब्स पर गिराया।
फिर स्नेहा बाथरूम चली गई और थोड़ी देर बाद वापस आई। मैं अपनी बीवी को किसी बाजारु रंडी की तरह चुदवाते हुए देख रहा था।
मुझे गुस्सा आ रहा था पर क्या करता।अपनी बीवी की दूसरों से चुदाई देखकर मेरा लंड भी तना हुआ था। फिर स्नेहा और वो दोनों थोड़ी देर बातें करते रहे। फिर स्नेहा खड़ी हो गई और जयंत और संजय स्नेहा का एक एक ब्रेस्ट अपने मुंह में लेकर चूसने लगे।
स्नेहा दोनों को अपने बूब्स चुसवा रही थी। बार स्नेहा अपनी एक टांग बैंड पर रखकर खड़ी हो गई आप उसकी चूत फैल गई थी। फिर संजय ने आगे से उसकी चूत में लंड डाला और जयंत ने पीछे से लंड डाला। स्नेहा की चूत में दो लंड एक साथ जा रहे थे। वो लोग 10 मिनट तक स्नेहा को इस तरह चोदते रहे फिर उन्होंने अपनी पोजीशन बदली और वापस इसी तरह चोदने लगे।
जयंत ने स्नेहा को घोड़ी बनाया और चोदने लगा। कुछ देर बाद उसका स्पर्म निकल गया। बार संजय आया और उसने स्नेहा को चोदना शुरू कर दिया। उसने भी अपना स्पर्म स्नेहा की गांड पर गिरा दिया। कुछ देर बाद वह लोग निकल गए।
मैं भी वापस अपने घर से निकल गया और कहीं घूमने चला गया। मैं रात को देर से घर आया स्नेहा मेरा इंतजार कर रही थी हम लोगों ने साथ में खाना खाया। रात में मैंने स्नेहा से सेक्स करने चाहा तो वो बोली आज मन नहीं हैं। फिर हम सो गए।
अगली रात हम लोगों ने सेक्स किया फिर स्नेहा मुझे बोली कि मनोज मेरी एक फ्रेंड हैं वो अपने हसबैंड के सामने दूसरे मर्दों से चुदवातीं है इसमें उसका हसबैंड भी मजे लेता हैं। आजकल बहुत सी औरतें ऐसा करती हैं।
मुझे मन में लग रहा था कि अब स्नेहा यह भी करना चाहती है मेरी आंखों के सामने। mansne70053@hotmail.com
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