अजनबी हसीना से मुलाकात - Free Sex Kahani
- Kamvasna
- 3 days ago
- 10 min read
सभी पाठक पाठिकाओं को मेरा सप्रेम नमस्कार!
तो इस रसभरी सत्य कथा का मज़ा लीजिये और पढ़ते पढ़ते जैसे चाहें मज़ा लीजिये पर मुझे अपने कमेंट्स नीचे लिखी मेल आई डी पर जरूर लिखिए.
मेरा लंड 6.5 इंच लंबा और लगभग दो से ढाई इंच मोटा है यह मेरी चुत चुदाई की पहली कहानी है इसमें मैंने जो चुत चोदी है वह मैंने जिंदगी में पहली बार जो चुत चोदी थी उसी की है।
मेरा नाम रजत है में जयपुर राजस्थान का रहने वाला हूँ। एक बार में अपने एक दोस्त से मिलने उसके घर गया वो सिटी से बाहर रहता है, अभी वो आया हुआ था।
मुझे देख कर बहुत खुश हुआ बोला, आजा अंदर तो मेने उसको मना कर दिया।
मेने बोला चल अपनी जगह पर चलते हे।
तो वो बोला तू चल में आता हु।
फिर १० मिनट बाद वो भी आ गया। हम दोनों बैठ गए और सिगरेट पीते हुए बात करने लगे।
वो अपनी पढाई क बारे म बताने लगा।
में अपनी फिर बात करते करते लड़कियों की बाते होने लगी।
अब वो बताने लगा यार हमारी लाइन में लड़कियों की कमी नहीं है।
तब मेने उसकी बात काटते हुए बोला साले अकेले अकेले लड़कियों के मजे ले रहा हे। किसी का नंबर मुझे भी दे।
तब मेरी बात सुन कर उस ने १ लड़की का नंबर मुझे भी दिया।
उसने बताया १ बार फ़ोन मिलाया था पर उस ने गलियां दे कर फ़ोन कट दिया।
मुझे तो ये भी नहीं पता की ये नंबर है किसका।
मेने बोला साले जब तुझे ही गालियां निकाल दी इस ने तो मुझे भी गलियां सुनवाने क लिए दिया है क्या।
वो बोला नहीं यार अगर तूने पटा ली तो मुझे कुछ शांति मिलेगी। नहीं तो दो गलियां तू भी सुन लेना।
हम दोनों हसने लगे फिर थोड़ी देर बात कर के में अपने घर आ गया दो दिन बाद मेने उस नंबर पे hi लिख कर मेसेज कर दिया।
शाम को उधर से जवाब आया कोन?
फिर मेने लिखा, सोरी गलती से चला गया मेसेज।
वो-ओह्ह्ह्ह ओके पर ऐसी गलती दोबारा मत करना।
में-क्यू जी इतनी बड़ी गलती है ये?
वो-ये तो गलती करने वाले पर होता है।
में-अच्छा बाबा बोला न सॉरी और आप जैसा कोई मिले तो ऐसी गलती तो में रोज करू
वो-औए अपनी हद में रह ओके और आइंदा मुजे मेसेज मत करना।
मेने उस के मेसेज का कोई जवाब नहीं दिया। पर लड़को वाला कीड़ा था मेरे अंदर भी।
3 दिन तक कोई मेसेज न करने क बाद चौथे दिन फिर से कीड़े ने जोर मरना स्टार्ट किया और मेने फिर से hi लिख कर मसेज कर दिया।
फिर उसका शाम को मेसेज आया, कौन?
अब मेने दोबारा वही जवाब दे दिया, सॉरी, गलती से मैसेज दुबारा चला गया।
मगर इस बार उस ने सिर्फ OK कहा।
फिर मेने उसे मेसेज नहीं किया २ दिन और बीत गए तीसरे दिन मेने वही hi लिख के मेसेज कर दिया।
पर इस बार तो वो बुरी तरह भड़क गयी और उसका मेसेज आया - साले कुत्ते कमीने तुझे इतने दिन से देख रही हु। तेरे पास और कोई काम नहीं है क्या? आखिर चाहता क्या है तू?
साले कुत्ते दोबारा मेसेज मत करना वरना बुरा हो जायेगा।
मेसेज देख कर मेरा मर्द जग गया मेने सोचा साली मिलने वाली तो हे नहीं इसको सुना ही देता हु ढंग से।
फिर मेने मेसेज किया - साली कुत्ती कमीनी इतने दिन से मेरे मेसेज देख रही हे अभी तक नहीं समझी में क्या चाहता हु?
साली कुत्ती आज क बाद दोबारा तेरे जैसी चूतिया को में कभी मेसेज नहीं करूँगा। जिसको समझ में ही नहीं आता की सामने वाला क्या चाहता है।
और सेंड कर दिया मेसेज दो पार्ट में गया पर पहुंच गया।
फिर न तो उसका कभी मेसेज आया न मेने किया।
लगभग १० दिन क बाद मेरे फ़ोन पर एक अनजान नंबर से कॉल आया उधर से बड़ी ही प्यारी आवाज आयी।
मेने फ़ोन की तरफ दोबारा देखा पर मुझे वो नंबर अनजान ही लगा पर में परेशान था क्यू की मेरे फ़ोन पे लड़कियों का फ़ोन नहीं आता था।
फिर मेने पूछा हा जी आप कोन हो? किस से बात करनी है?
वो - आप से ही बात करनी है।
में - सॉरी में लड़कियों से बात नहीं करता इतना कह कर मेने फ़ोन कट कर दिया थोड़ी देर में फिर से उस का फ़ोन आया
वो - क्यू जी आप लड़कियों से बात क्यू नहीं करते और वैसे भी आप मुझे जानते हो
में - नहीं में आपको नहीं जानता और प्लीज मुझे दोबारा कॉल नहीं करना में सच में लड़कियों से बात नहीं करता
वो - अच्छा जी लड़कियों से बात नहीं करते पर लड़कियों को मेसेज कर सकते हो उस की ये बात सुन कर में अचंभित हो गया और सोचने लगा की मेसेज तो मेने अभी तक एक ही लड़की को किया ह हो न हो ये वही है पर वो तो गालिया निकलती है इतने प्यार से बात थोड़े ही करती ह फिर मेने उस से पूछा आप हो कोन?
वो -मेर नाम स्नेहा है। आपने कुछ दिन पहले मुझे मेसेज किये थे
में --ओह सॉरी आप हो सॉरी अगेन बट मुझे यकीन नहीं हो रहा की आपने खुद फ़ोन किया वो - हाँ आपका लास्ट वाला मेसेज मुझे पसंद आया, तुम्हारी गालियाँ देख कर गुस्सा भी बहुत आया सोचा अभी फोन कर के तुम्हारी सारी हेकड़ी निकल दू। पर उस समय में खाना बना रही थी तो सोचा बाद में बात करुँगी। फिर में खाना बनाते सोचने लगी की है तो लड़का ही में भी देखती हु कब तक मेसेज नहीं करता। पर आपने तो उस क बाद सच में मेसेज नहीं किया।
में --मेरी आदत है ये और फिर आपको बोल दिया था की में मेसेज नहीं करूँगा तो कैसे कर सकता था हम लड़को की भी बात का भी कुछ मान होता है।
वो - हाँ शायद इसलिए ही तुम मुझे थोड़े अलग लगे फिर तो हम दोनों की बात होना स्टार्ट हो गयी उस ने बताया की वो भोपाल (म प्र ) से है उसके बाद वो मुझसे मिलने राजस्थान आयी वह ट्रेन से आई। उसने रेलवे स्टेशन से मुझे फोन किया।
मैं पहले ही रेलवे स्टेशन पर पहुंच चुका था। उसने मुझे अपनी लोकेशन बताएं। मैं लोकेशन वाली जगह पर पहुंच गया। जब वह ट्रेन से उतरी मैं उसके बिल्कुल सामने था। आते ही उसने मुझे हाथ मिलाया। क्योंकि हम दोनों ने पहले ही फोटो अपने शेयर कर दिए थे। इसलिए उसने मुझे आते ही पहचान लिया। फिर हमने कैजुअल बात की फिर हम स्टेशन से बाहर निकल बाहर निकलने के बाद मैंने उससे पूछा बताओ कहां चलोगे?
उसने बोला जहां तुम चाहो।
मैं उसे बताया कि घर तो मैं नहीं जा सकता। मैं अपने घर वालों को बोल कर आया हूं कि मैं अपने फ्रेंड के यहां जा रहा हूं। रात में वहीं रुकूंगा। तो फिर किसी होटल में चलें क्या?
मैं अपने किसी फ्रेंड के यहां भी तुम्हें नहीं ले जा सकता।
उसने कहा- ठीक है
(जब हमारी बातें स्टार्ट हो गई थी उसके बाद हमने काफी न्यूड पिक्चर्स भी एक दूसरे को भेज रखी थी वीडियो कॉल भी नंगे-पुंगे ही करते थे। चुत चुदाई की सारी बातें हम पहले ही कर चुके थे। वह मेरे लंड को देख चुकी थी। मैं उसकी चुत के दर्शन कर चुका था)।
फिर हम स्टेशन से बाहर निकले और होटल देखने लगे। बाहर कई होटल थे एक होटल में जाकर हमने सिंगल रूम के लिए पूछा।
उसने कहा - सर है अपनी आईडी दीजिए। फिर वहां होटल का स्टाफ हमको एक रूम में ले गया। रूम में अंदर जाने के बाद मेन डोर लॉक किया डोर लॉक करके मैं पीछे मुड़ा तो वह अपना बैग रख रही थी। मैंने जाकर उसको पीछे से पकड़ लिया और उसको किस करने लगा।
गालों पर गर्दन पर उसने कहा रुको यार पहले में फ्रेश होकर आती हूं। पूरी रात पड़ी है।
मैंने कहा अब तुम्हें देखने के बाद सब्र नहीं होता है मेरी जान। आ जाओ। अब तो एक राउंड चुदाई करते हैं। उसके बाद ही फ्रेश होंगे।
फिर मैंने उसको सीधा किया। उसके स्तन मेरे सीने से टकरा रही थी। फिर मैंने उसके होठों को चूसना चालू किया। 15 मिनट तक हम दोनों एक दूसरे के होठों को लिप लॉकिंग किस करते रहे।
वह मेरे होठों को चुस्ती, कभी ऊपर वाला, कभी नीचे वाला। कभी वह मेरे मुंह में जीव डाल दी।
कभी मैं उसके मुंह में जीव डालता जीव से कभी होठों को चूसते दोनों के जीव एक दूसरे से टकरा रही थी।
फिर मैंने उसे बिस्तर पर धक्का दे दिया और उनके स्तन दबाने लगा साथ ही मैं पूरे बदन पर हाथ घुमा रहा था। किस करते करते ही मैंने उसके कपड़े उतारने शुरू कर दिए।
उसने एक लोअर और टी-शर्ट पहन रखी थी। मैंने उनकी टी-शर्ट को उतार दी अब वह मेरे सामने पिंक कलर की ब्रा में गजब माल लग रही थी। उसकी ब्रा का एक कप नीचे करके उनकी चूची पर अपना मुँह लगा दिया।
उसकी आहहहह की मीठी सी आवाज निकल आई और वे मेरे सर को पकड़ कर अपने मम्मे चुसवाने लगी।
आहहहह चूस लो रजत जी
मैंने कहा- कि चूसने और चोदने के लिए ही तो तुम्हें यहां बुलाया है मेरी जान।
फिर मैं स्तन चूसने लगा कुछ ही देर में मैंने उसको पूरी नंगी कर दिया उसने भी मेरी शर्ट खोल दी।
उसने मुझे अपनी बांहों में लिया और उसके हाथ मेरी पीठ पर घूमने लगे। इस पोजीशन में उनके दोनों स्तन मेरे सीने में गड़ रहे थे। उसका एक हाथ मेरे लंड पर आ गया।
मैं- पैंट खोल कर लंड चूस लो।
वह- मैंने कभी नहीं चूसा
मैं-चलो बाद मैं चूस लेना कुछ देर तक हम दोनों एक दूसरे को गर्म करते रहे।
वो बोली अब डाल दो उसकी चूत गीली हो गई थी। मैंने पोजीशन बनाई और अपना लंड उसकी चूत पर रख दिया। उसने भी अपनी टांगें फैला दी थीं और मेरे लंड को अपने हाथ से पकड़ कर चूत में सैट कर दिया था।
मैंने दबाब देते हुए थोड़ा सा लंड अन्दर डाला, तो वो बोली आह यार दर्द हो रहा है.
मैं- क्यों
वो बोलीं- लंड तुम्हारा बड़ा है, चूत मेरी है छोटी, टकराती है तेरी दोनों गोटी।
मै बोला अरे वाह दर्द मे भी शायरी।
वो बोली- शायरी तो तुम्हें देखकर ही आ जाती है मेरी जान।
फिर मैं धीरे धीरे करने लगा और साथ में उसको किस भी करने लगा मेरा आधा लंड उनकी चूत में घुस गया था। फिर मैंने एक जोर का शॉट मार दिया मेरा पूरा लंड उसकी चूत मैं अन्दर चला गया।
वो चिल्लाई - आईईईईईईईई मांअअअआआ मररररर गईईईईईईई मादरचोदददध आज फाड के मानेगा मेरीईईईई चूत को, अबे पूरीईईई रात यहींईईईई हूंउउउउ जितना चोदना है चोद लेना।
आहहहह यारररर पर अभी धीरे करो मेरी चूत छिल गईईईईई शायद मैंने इस बार उनकी बात को नजरअंदाज किया, लौड़े को जरा सा बाहर निकाला और फिर से ठोक दीया और बोला पहले ही बोला था, लंड को मुंह मैं लेकर ढंग से चूस कर गीला कर देती तो दर्द कम होता।
वो बोली अच्छा तो लंड चुसवाने के लिए कुतिया समझ के चोद रहे हो क्या?
ओके बाबा अगली बार पक्का चूस लूंगी तुम्हारा लंड भी और लंड की गोलियां भी।
मै कुछ नहीं बोला और चुदाई मे लगा रहा वो भी समझ गई थीं कि अब मैं जंगली कुत्ता बन गया हूँ। तो वो बस कराहती रही और लंड को अपनी चूत के अन्दर लेती रहीं।
थोड़ी देर में उसका दर्द कम हो गया और मैं अब फुल स्पीड में उसकी चुदाई करने लगा।
थोड़ी देर में उसने अपनी टांगें मेरे ऊपर कस दी और अपने हाथों से मुझे कस कर पकड लिया और झड़ गई।
फिर मैंने उसे कहा बहुत देर से कुतिया और कुत्ता कर रही थी अब आजा बन जा कुतिया और खोल दे अपनी चूत।
वो बिना बोले कुतिया बन गई मैंने पीछे से उसके बाल पकड़े और चूत में लंड डाला कर जोर शोर से चुदाई करने लगा। वो आह आह ऊह चोदो हां ऐसे ही जोर से चोदते रहो कहने लगी।
बीस मिनट तक धकाधक चुदाई करने के बाद भी मुझे लगा कि मैं झड़ने वाला नही हूँ तो मैंने उसे कहा चलो बाथरूम मै खडे होकर शावर चला कर चोदेंगे।
उसने कहा यहीं कर लो ना।
मैने बोला निकल नहीं रहा यार और शायद पानी मै निकल जाए।
उसने बोला ठीक है मुझे भी पानी वाला मजा मिल जाऐगा बिल्कुल रंडी की तरह।
उस के मुह रंडी सुनते ही मै उसे देखने लगा वो बोली क्या देख रहे हो क्या आज से मै तुम्हारी रंडी नहीं बनी क्या?
मै बोला तो आजा मेरी रंडी, अब तेरे मुंह मे लंड दूंगा।
चलो ठीक है आज पूरे मजे दो अपनी रंडी लुगाई को। वो कुछ ज्यादा ही ओपन लग रही थी।
मैने बोला रंडी तक तो ठीक था, पर लुगाई कब बनी?
वो बोली अरे यार चूत और लंड के रिश्ते मे सब चलता है। फिर हसते हुए हम दोनो शावर चला कर उसके नीचे खडे हो गऐ और वो चुपचाप नीचे बैठ कर लंड पर अपनी जीभ चलाने लगी।
फिर लंड को मुंह के अंदर ले कर चूसने लगी, कभी लंड कभी गोलिया वाह यार क्या मजा था उसकी जीभ मे शावर से गिर रहा पानी भी उसके मुंह मे जा रहा था।
20-25 बार चूस कर वो खडी हो गई।
मैने बोला क्या हुआ वो बोली मेरे जानेमन शावर के पानी से ही पेट भरवाओगे क्या खाना भी तो खाना है।
अरे हां यार चलो जल्दी से लंड से पानी निकाल लेते हैं।
फिर मैने उसकी एक टांग उठा ली वो मुझसे चिपक गई और लंड को चूत पर सेट किया मैने धक्का देकर लंड चूत मै घुसा दिया पर पानी की वजह से शायद अब भी मेरा नहीं निकल रहा था।
मै फिर से उसको गीला ही बाहर ले आया और बैड पर पटक कर मिशनरी पोज मै चुदाई करने लगा। फिर मैंने उसके दोनों पैर अपने दोनों कंधों पर रखे और लंड को चूत में धीरे से घुसा दिया। उसकी चूत मेरे लौड़े की साइज़ के अनुसार खुल गई थी, तो अब उसको ज्यादा तकलीफ नहीं हो रही थी।
मैने उसकी चुदाई करना चालू रखी अब उसको अच्छा लगने लगा और उसकी कामुक आवाजें निकलने लगीं- आह आह आआह ओहहहहहहहह आईईईईईईई उफ्फ्फ आहा मजा आ रहा है वो इस बार 4-5 मिनट में ही झड़ गई।
मैं उसकी चुदाई करता रहा मैंने वापस मिशनरी पोज बनाया और उसके ऊपर चढ़ कर उनकी चूत में लंड पेल दिया और चुदाई करने लगा मेरी स्पीड फुल थी और उसके स्तन भी चूस रहा था।
कुछ मिनट बाद मैंने उससे कहा- मैं आने वाला हूं
वो कहने लगी- रस अन्दर मत निकालना
मैंने उसकी चूत के ऊपर ही निकाल दिया और उसके ऊपर ही लेट गया।
फिर हम खाना खाकर आये उसके बाद फिर से चुदाई का दौर चला और कैसे मेने उसकी चुदाई की वो सब में अगली कहानी में बताऊंगा दोस्तो और सहेलियो, मुझे पता है आपको मेरी "अजनबी हसीना से मुलाकात" सेक्स स्टोरी पसंद आई होगी।
मेल और कमेन्ट जरूर करें आपके कमेंट आएंगे तभी तो लिखने का जज्बा आएगा और वैसे भी ये मेरी पहली स्टोरी है।
तो प्लीज प्लीज दोस्तों मेरी पहली Free Sex Kahani लास्ट न हो जाये आपके भरोसे हूँ लव यू ऑल। आपका इंतज़ार रहेगा आपके विचार और सुझाव मेरी ई मेल आईडी पर अवश्य प्रेषित करें. धन्यवाद. raj701463537@gmail.com

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